Category: OpEd

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क्या आम आदमी पार्टी और कांग्रेस गठबंधन करते तो हारती भाजपा?

पिछले दो महीने से अरविंद केजरीवाल यदि किसी बात से सबसे ज़्यादा परेशान थे तो वह था कांग्रेस का गठबंधन के लिए राज़ी ना होना. कांग्रेस की हस्ती मिटाने आए

छद्म-सेक्युलर जड़ पर भोपाल का भगवा प्रहार!

2019 लोकसभा चुनावों के नतीजे आ गए हैं. नरेंद्र मोदी के लिए यह नतीजे बेहद ही उत्साहवर्धक और देश में एक ऐतिहासिक बहुमत की सरकार देने वाले नतीजे हैं. कई

राजनैतिक बुद्धि क्षीण कर चुकी कांग्रेस की प्रवक्ता ने कहे उत्तर भारतीयों को अपशब्द! हार के कुतर्कों में निकली सबसे आगे

राजनैतिक पार्टियों की हार किस प्रकार से उनकी दूरदृष्टि को क्षीण कर देती है, इसका उदाहरण आप कांग्रेस पार्टी के अंदर देख सकते हैं. किसी चुनाव को हारने के बाद

सच में हो सकते हैं EVM हैक? जानें EVM की कार्य प्रणाली

पिछले पाँच वर्षों से हर चुनाव के बाद हम यही सुनते हैं कि भाजपा ने EVM हैक कर लिए. इस बार भी विपक्ष एग्ज़िट पोल के नतीजे देख अभी से

हिंसा से बाज़ नहीं आ रहे ममता दीदी के समर्थक, तृणमूल कांग्रेस पर फ़र्ज़ी वोटिंग और वोट डालने से रोकने का आरोप

लोकसभा चुनाव के आख़री चरणों में भी पश्चिम बंगाल में हिंसा की वारदातें जारी रहीं. भाजपा कार्यकर्ताओं की हत्या, उन पर हमले, भाजपा समर्थकों को डराना धमकाना, वोट में धाँधली

प्रेस वार्ता में भी दिखी दो परस्पर विरोधी वैचारिक दलों के बीच मुद्दों की समानता, जो बहुत से लोगों की नज़रों से छूट गयी.

शुक्रवार को प्रधानमंत्री मोदी और कांग्रेस, दोनों की ही प्रेस कांफ्रेंस थी. कहने सुनने के लिए बहुत से अवसर थे लेकिन एक बहुत बड़ा अंतर इन दोनों ही प्रेस कांफ्रेंसेस में

AC कमरों में बैठ काल्पनिक पुरवइया बहाने वाले पत्रकारों को बनारसिया जवाब

जब प्रसिद्ध पत्रकारों की पत्रकारिता अपने सतही स्तर पर जाकर व्यक्तिगत पसंद या नापसंद के दायरे में सीमित हो जाती है, तो उनकी लोकप्रियता के साथ ही उनकी विश्वसनीयता भी दांव

दिल्ली में बुद्धिजीवियों को नींद से जगाती मरती हुई मानवता, ध्रुव राज त्यागी के जख्म मांगे सेक्युलरिज़्म से हिसाब!

दिल्ली की गलियां एक बार फिर से रक्तरंजित हो गई है. समाज के तमाशबीन लोगों के बीच एक ईमानदार व्यक्ति की हत्या सिर्फ इसलिए कर दी गई क्योंकि वह अपने

रडार पर तर्कों की ‘रेंज’ से बाहर बुद्धिजीवियों के कटाक्ष

क्या किसी देश के राजनेता अपने ही चुने हुए प्रधानमंत्री को एक मूर्ख घोषित करने के लिए एड़ी चोटी का जोर लगा सकते हैं? बिल्कुल लगा सकते हैं. आज भारतीय

सावरकर के बारे में हर बार क्यों प्रोपगंडा चलाया जाता हैं?

जब 2014 में भाजपा की सरकार आई तब लिबरल्स को यह डर सताने लगा कि भाजपा NCERT और अन्य पाठ्यक्रमों को भगवा रंग दे देगी. नेहरु गांधी और मुग़लों के