AC कमरों में बैठ काल्पनिक पुरवइया बहाने वाले पत्रकारों को बनारसिया जवाब

जब प्रसिद्ध पत्रकारों की पत्रकारिता अपने सतही स्तर पर जाकर व्यक्तिगत पसंद या नापसंद के दायरे में सीमित हो जाती है, तो उनकी लोकप्रियता के साथ ही उनकी विश्वसनीयता भी दांव पर लग जाती है. बड़े बड़े पत्रकारों का हमने इन पांच वर्षों में बुरा हाल होते देखा है. ऐसा इसलिए नहीं क्योंकि वह गलत पत्रकारिता करते हैं, बल्कि ऐसा इसलिए क्योंकि वह अपने विषयों को चुनने में काफी पक्षपात करते हैं.

इंडिया टुडे के एडिटर इन चीफ राजदीप सरदेसाई के साथ भी कुछ ऐसा ही होता हुआ दिखाई दिया. वह पत्रकार हैं और देश का सबसे बड़ा महा पर्व चल रहा है तो जाहिर सी बात है कि वह लोगों से उसकी राय जानने के लिए बाहर निकलेंगे लेकिन उनके सवालों को देखते हुए कई लोगों का ऐसा कहना है कि वह विषयों को चुनने में वह भीषण गलती कर रहे हैं. ऐसा है या नहीं यह हम तो नहीं जानते, लेकिन जनता द्वारा दिए गए जवाब शायद राजदीप सरदेसाई को यही बात कह रहे हैं. बनारस में जाकर उन्होंने यह कहा कि यह कभी कांग्रेस का गढ़ रहा करता था लेकिन अब यहां भाजपा का दबदबा होता दिखाई दे रहा है.

इतना सुनना था कि जनता में से एक व्यक्ति ने तथ्य सहित उनको यह बताया कि आखिर क्यों भारतीय जनता पार्टी का पलड़ा यहां भारी होता जा रहा है. उन्होंने इस लोकसभा क्षेत्र को कांग्रेस का गढ़ बोले जाने पर भी सवाल उठाए. उस व्यक्ति का कहना था कि इस क्षेत्र में 17साल से जो पुल नहीं बन रहा था, वह मोदी-योगी के सहयोग से पूरा हुआ. साथ ही बनारस में हुए कई बदलाव को इस व्यक्ति ने बताया. ऐसा लग रहा था जैसे पूरा लेखा-जोखा उन्हीं के हाथ में हो. राजदीप सरदेसाई यह सब सुन रहे थे. उस व्यक्ति के जवाब को सुनते हुए ऐसा लग रहा था जैसे असली पत्रकार वह हो. तथ्यों की जानकारी जनता में बहुत कम लोगों के भीतर हमको देखने को मिलती.

राजदीप सरदेसाई अपने सवालों को पूछते समय काफी व्यंग्यात्मक शैली का प्रयोग करते हैं. इस बार भी उन्होंने ऐसा ही करने का प्रयास किया. उन्होंने व्यंग के लबादे में लपेटकर अपने दिए हुए तथ्यों को सत्य साबित करने का प्रयास किया. ज्यादातर मौके पर वह सफल हो जाते हैं, लेकिन शायद बनारस की जनता का मूड कुछ और है!

उन्होंने अपने सवाल की शुरुआत करते हुए कहा कि बनारस में इस बार नरेंद्र मोदी को मार्केटिंग की आवश्यकता नहीं पड़ेगी क्योंकि उनकी मार्केटिंग बहुत ज्यादा होती है. इसके जवाब में भी उस व्यक्ति ने यह बताया कि क्या राजदीप सरदेसाई एक पुराने पत्रकार होने के नाते कांग्रेस द्वारा बनारस में किए गए किसी एक कार्य को बता सकते हैं.

अपने जवाब को और मजबूत करने के लिए उस व्यक्ति ने यह बताया कि मोदी के आने के बाद यहां एक कैंसर हॉस्पिटल की भी शुरुआत हुई है. बनारस में गंगा घाट से क्रूज भी जाती हुई दिखाई देती है. विश्वनाथ कॉरिडोर धार्मिक आस्था को भी सम्मान देता हुआ प्रतीत होता है. मतलब तथ्यों और तर्कों के साथ ही हाजिर-जवाबी का भी संपूर्ण मिश्रण उन व्यक्ति के जवाब में दिखाई दे रहा था.

इससे पहले राजदीप सरदेसाई “मैडिसन स्कवार गार्डन” के बाहर प्रधानमंत्री मोदी के भाषण के दौरान अपना आपा खोते हुए दिखाई दिए थे. सोशल मीडिया पर ट्रोल करने वाले लोगों ने तो उन्हें “राजू द बॉक्सर” का नाम भी दे दिया.

मजाक अपनी जगह है, लेकिन जब आप पत्रकारिता के एक गंभीर विषय को अपना कार्यक्षेत्र चुनते हैं, तो आपके विषय मजबूत होने चाहिए. इसके साथ ही आपके सवाल भी सटीक होने चाहिए. शायद इन दोनों की ही कमी के कारण राजदीप सरदेसाई के साथ ऐसा होता हुआ दिखाई देता है. 23 मई 2019 काफी लोगों के भ्रम को दूर करने वाला है

11 Comments

  1. Avatar
    May 28, 2019 - 4:42 am

    Wow, that’s what I was seeking for, what a stuff!
    existing here at this website, thanks admin of this website.

    Reply
  2. Avatar
    May 31, 2019 - 1:57 pm

    Quality content is the important to invite the users to visit the website, that’s what this web
    site is providing.

    Reply
  3. Avatar
    June 1, 2019 - 10:44 pm

    If you want to grow your experience just keep visiting
    this website and be updated with the most recent news update posted here.

    Reply
  4. Avatar
    June 2, 2019 - 7:19 am

    wonderful publish, very informative. I ponder
    why the other specialists of this sector don’t realize this.
    You must continue your writing. I am sure, you have a great readers’ base
    already!

    Reply
  5. Avatar
    June 4, 2019 - 12:46 pm

    Hi, just wanted to mention, I liked this article.
    It was practical. Keep on posting!

    Reply
  6. Avatar
    June 5, 2019 - 5:05 pm

    Your style is so unique compared to other people I have read stuff from.

    Thanks for posting when you’ve got the opportunity, Guess I will just book mark this web site.

    Reply
  7. Avatar
    June 6, 2019 - 1:46 am

    Thanks for finally writing about >AC कमरों में बैठ काल्पनिक पुरवइया बहाने वाले पत्रकारों को बनारसिया जवाब ~ Lopak <Loved it!

    Reply
  8. Avatar
    June 7, 2019 - 8:38 pm

    I’m gone to inform my little brother, that he should also pay
    a quick visit this weblog on regular basis to get updated from
    most recent gossip.

    Reply
  9. Avatar
    June 8, 2019 - 6:03 am

    Hi there just wanted to give you a quick heads up. The words in your content seem to be running off the screen in Firefox.

    I’m not sure if this is a formatting issue or something to do with
    internet browser compatibility but I figured I’d
    post to let you know. The design look great though! Hope you get
    the problem fixed soon. Thanks

    Reply
  10. Avatar
    June 15, 2019 - 12:20 am

    Aw, this was an exceptionally good post. Spending some time and actual effort to
    make a very good article… but what can I say… I hesitate a lot and don’t seem to
    get anything done.

    Reply
  11. Avatar
    June 16, 2019 - 10:09 am

    Hello mates, how is all, and what you would
    like to say concerning this paragraph, in my view its
    actually remarkable for me.

    Reply

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *